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Stella dhinakaran

परमेश्वर आपके आंसुओं को पोंछ डालेगा!

Sis. Stella Dhinakaran
21 May
कई बार, जब हम एक खुशहाली का जीवन व्यतीत करते हैं तो अचानक न जाने कहीं से विपत्तियां हम पर आ पडती हैं। अपेक्षित समयों पर मृत्यु, दुर्घटना या अकस्मात खतरों की खबरें हम सुनते हैं। जब हृदय खेदित हो और आंखे आंसुओं से भरी पडी हो तो कौन दिल को दहलानेवाली ये खबरें सुन सकता है? केवल वही जो जीवन की वेदनाओं से गुजरे हों वे ही दुख की परिभाषा जानते हैं। अन्य लोग व्यंगता से कह देते हैं, हम निराश हो चुके हैं। तुम वही पुरानी कहानी को क्यों दोहरा रहे हो? परन्तु हमें यह समझना चाहिए कि जो दया का पिता और सब शांति का परमेश्वर है उसके सिवाय कोई भी हमें आश्वासन नहीं दे सकता। (2 कुरिन्थियों 1:3) यदि आप मृत्यु की तराई से भी होकर चले, तौभी आप केवल प्रभु की ओर देखें। वह आपको शांति और दिलासा देगा। (भजन संहिता 91:15) 

1986 वर्ष में, हम अपनी प्रिय बेटी एंजल के साथ बहुत खुशी से गाडी के द्वारा दूसरी जगह जाने के लिए रवाना हुए। परन्तु रास्ते में जब हमारी गाडी के साथ एक दुर्घटना हुई तब हम विफल हो गए  और हम ने अपनी इकलौती प्रिय बेटी एंजल को खो दिया। हम ने ऐसा अनुभव किया कि हमारे हृदय के दो टुकडे हो गए हैं। इस भयानक घडी में, यह हमारा प्रेमी और करुणामयी परमेश्वर, स्वर्ग में हमारा पिता था जिसने हमें गले लगाया और हमें शांति दी। परन्तु एक ऐसा व्यक्ति मेरे पति के पास आया जिसने न हमारे साथ शोक बांटा न हमारे दर्द और पीडा में शामिल हुआ और उसने बडी व्यंगता से कहा, आप क्यों सार्वजनिक सभाओं में विलाप और आंसुओं को बहाते हैं जो इस संसार में नहीं रही? क्या आप नहीं जानते कि केवल परमेश्वर ने आपकी बेटी को ले लिया? परन्तु मेरे पति चुपचाप बैठे रहे। दिन बितते गए। एक दिन इस व्यक्ति का बेटा समुद्र में तैरने अपने मित्रों के साथ गया परन्तु वह वापस नहीं आया। इस कडवे अनुभव के बाद, यह व्यक्ति मेरे पति के पास आया और कहा, ‘‘भाई, कृपया मुझे क्षमा करें। केवल अब ही मैं अपने जीवन में पीडा और वेदना को समझ पाने में समर्थ हूं’’ और वह जोर जोर से रोने लगा। मेरे पति वे पिछली बातों को भूलाकर उसे गले लगाया और उसे शांति दी और उसके लिए प्रार्थना की। 

जब मैं ने कहा, ‘‘मेरा पांव फिसलने लगा है, तब हे यहोवा, तेरी करुणा ने मुझे थाम लिया। जब मेरे मन में बहुत सी चिंताएं होती है, तब हे यहोवा, तेरी दी हुई शांति से मुझे सुख होता है।’’(भजन संहिता 94:18,19) हां, इस वचन के अनुसार हमारी सब प्रकार की शांति और दिलासे का परमेश्वर आपके आंसुओं को पोंछने और बुरी परिस्थितियों को बदल डालता है। चाहे आप अपनी इच्छा से अपनी चिंताएं को उसके चरणों में रखें या न रखें या पीडा से रखते हैं। परमेश्वर उसे प्रसन्नता से पाता है। आप अपनी चिंताओं के साथ उसके पास आएं क्योंकि वह आपकी चिंता करता है। उसके पास आपकी सभी समस्याओं का हल है क्योंकि वह खुद आप ही एक आधार है। 

Prayer:
प्रेमी प्रभु,

जब मेरा हृदय टूट जाता है तो आप ही मेरे केवल एक मात्र आश्वासन हैं। क्रूस पर आप ने मृत्यु पर जय प्राप्त कर ली है। इसलिए आज आप मेरे दुखों और पीडा पर जयवंत होने में मेरी मदद करें और मेरे आंसुओं को पोंछ डालें। आपकी शांति और आश्वासन मेरे दुख और चिंताओं को हराने के लिए बल दें जो मेरे हृदय को बोझ के साथ भर दिया है।यीशु के पराक्रमी नाम में, मैं प्रार्थना करती हूं, आमीन!

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